मंगलवार, 11 अक्तूबर 2011

तुम अमर हो गए.....















तुम अमर हो गये.......

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गजलों रूह से
परिचय तो आपने कराया
सुरों की बरसात में भीगना
आपने सिखाया
लफ्जों का मीठापन
आवाज की गहराई से
वास्ता आपके कारण ही पड़ा
और तुम ये कैसे जुदा हो गए
हर तरफ थे हर जगह हो गए.....

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तुम कल थे आज कहाँ खो गये
अकेला छोड़ तुम फ़ना हो गये
तन्हा तन्हा दू:ख झेलेगे सदा,
जीत, से तुम जगजीत हो गये

अचानक
तुम ये कैसे जुदा हो गए

तुम हर तरफ थे हर जगह हो गए
जिक्र,जब भी होगा गजलों का-,
होठों
से,गा कर तुम अमर हो गए,,,,




१० /१० /२०११ /गजल सम्राट-गजल गायक -श्री जगजीत सिंह जी निधन पर
श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ,ईश्वर उनकी आत्मा को शांती प्रदान करे

16 टिप्‍पणियां:

  1. उच्च कोटि की काव्यात्मक प्रस्तुति ||

    मेरी भी श्रद्धांजलि महान गजल गायक को |

    आपकी सशक्त प्रस्तुति पर आपको ढेरों बधाई ||

    आभार

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  2. बहुत ही सुन्‍दर भावमय करते शब्‍दों का संगम ... महान गजल गायक को विनम्र श्रद्धांजली ..।

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  3. सुन्दर भाव और अभिव्यक्ति के साथ शानदार प्रस्तुती! जगजीत सिंह जी को विनम्र श्रद्धांजलि!
    मेरे नए पोस्ट पर आपका स्वागत है-
    http://ek-jhalak-urmi-ki-kavitayen.blogspot.com/

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  4. जिक्र,जब भी होगा गजलों का-,
    होठों से,गा कर तुम अमर हो गए,,,,
    बहुत सुन्दर शब्द संयोजन और उससे भी सुन्दर भाव...

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  5. तुम कल थे आज कहाँ खो गये
    अकेला छोड़ तुम फ़ना हो गये
    तन्हा तन्हा दू:ख झेलेगे सदा,
    जीत, से तुम जगजीत हो गये

    मर्मस्पर्शी पंक्तियाँ .....जगजीत जी का जाना ग़ज़ल के लिए ही नहीं बल्कि भारतीय संगीत के लिए भी अपूर्णीय क्षति है .....आपका आभार मेरे ब्लॉग पर आने के लिए और टिप्पणी के लिए ...आशा है आपका मार्गदर्शन यूँ ही मिलता रहेगा ....!

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  6. मेरे ब्लॉग पर आने के लिए आभार ...बहुत सुन्दर काव्यात्मक प्रस्तुति के लिए बधाई |....महान गजल गायक को विनम्र श्रद्धांजली

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  7. काव्य के रूप में यह श्रद्धांजलि हृदय से आई है इस श्रद्धांजलि में हम सभी साथ हैं.....!

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  8. नाद करती हुई रचना..हार्दिक श्रद्धांजलि जगजीत सिंह जी को |

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  9. Bhawpurn prastuti....
    Naman jaggu da,,, ke charno me.

    hamare yaha bhi aye

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  10. मेरी भी श्रद्धांजलि महान गजल गायक को |

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  11. आपके भाव सागर के सहभोक्ता हम भी हैं .हम भी उनका जाना देखते रहे रोते रहें देखते रहे .श्रृद्धांजलि जगमोहन जगजीत सिंह .

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  12. सुंदर काव्यमय श्रध्दांजली । जगजीत सिंह जी के दर्दभरी आवाज़ की कमी हमेशा खलेगी ।

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  13. मखमली आवाज़ के जादूगर को विनम्र श्रद्धांजलि।

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  14. महान गजल गायक को विनम्र श्रद्धांजली.

    मेरे ब्लॉग पर आने के लिए आभार.

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  15. भावपूर्ण प्रस्तुति
    जगजीत सिंह जी को मेरी ओर से भी अश्रुपूरित विनम्र श्रद्दांजलि

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आपकी टिप्पणियाँ मेरे लिए अनमोल है...अगर आप टिप्पणी देगे,तो निश्चित रूप से आपके पोस्ट पर आकर जबाब दूगाँ,,,,आभार,